अपने अस्तित्व की लम्बी तलाश में
गौरवमय इतिहास की थाती समेटे हुए
विरासत को अपनी पीढी से जोडते हुए
टिहरी शहर ने पूर्ण जल समाधि ले ली।

जलमग्न हो गई है एक पुरातन संस्कृति
इतिहास के पन्नों पर लिखी गौरव गाथायें
छा जाती हैं, मन:स्थल पर अमिट स्मृतिंया
ऑंसू बन, बह जाती हैं, हमारी संवेदनाएं।

विकास के बांध में, भावनाओं के भाव
स्मृति, संवेदनाएं और संस्कार की नाव
जलमग्न हैं, भागीरथी-भिलगंंना के बहाव में
विद्युत उत्पादन और सिंचाई के सपनों में।

स्वामी रामतीर्थ का वह पुण्य समाधिस्थल
अमर शहीद श्रीदेव सुमन का वह कर्मस्थल
जलसमाधि लिए अपना इतिहास दोहरा रहा है
अपनों से बिछडने की अपार पीडा झेल रहा है।

त्रिहरि की भव्यता और आम का वह बागवान
सुहाग की ऐतिहासिक नथ, सिंगोरी की दुकान
ऐतिहासिक घण्टाघर और वह भव्य राजदरबार
पावन संगम, गणेश प्रयाग, वह टिहरी बाजार

संतों सी जलसमाधि लिऐ जल में पूर्ण विलीन
ज्योतिषियों की भविष्यवाणी का दंश दिल में सहे
विकास की बलिवेदी पर कुर्बानी की दास्तान सुनाता
अपने अस्तित्व की तलाश में डूब कर व्यथित पडा है।

 

 

 

शहीद सुमन तुम्हारा टिहरी शहर हे!
अमर शहीद क्रान्तिकारी श्री देव सुमन डूब गई तुम्हारी कर्मस्थली यह टिहरी वह क्रूर काल कोठरी जेल की जहां बर्बरता से सजा मिली थी तुम्हे घनेरी प्रायश्चित स्वरूप डूब गई है टिहरी जिसकी पावन गोदी में तुम्हें मारा गया जहां बोरे में निर्दयता से तुम्हें बन्द कर जबरन फेंकी गई तुम्हारी शीतल काया सावन की अन्धेरी डरावनी भिलंगना में,बोरे की छपाक की वह बुलन्द आवाज सदा गूंजती रहेगी बनती बिगडती टिहरी नगरी में पावन संगम, टिहरी बाजार और भादू की मगरी में। भूल न सकेगा, कभी वह ऐतिहासिक घण्टाघर, पुराना दरबार, राजमहल और रामतीर्थ स्मारक तेरे सिद्वान्त और आदर्शों की ऊंचाईयों को मिटा दी जिसने राजशाही की काली परछाईयों को। टिहरी की क्रूर राजशाही के काले कारनामे धिक्कारें जायेंगे तुम्हारे बलिदान दिवस पर जिन्होंने अपने अस्तित्व को बनाने के लिए तुम्हारी अस्मिता, अस्तित्व को मिटाना चाहा जो शहर आगार था, राजशाही ठाट बाट काव्यथित डूबकर, स्मरण करता अपने अतीत का।


डा0 मुनीराम सकलानी "मुनीन्द्र"

 
 

शहादत मेरी सफल हुई
                                                देश को दी बिजली और पानी
इन्तजा इतनी बस मेरी
                                     ना भूलें मेरी कुरबानी
                                                                                                    " पुराना टिहरी शहर "

A view  of  Dhar Mandal Hills (Piri-Bharari) from B-Puram

                                                                                     

http://www.youtube.com/watch?v=zcxmd5DN8S4&feature=related

http://www.youtube.com/watch?v=rY2yvQaQN2s 
http://www.youtube.com/watch?v=kHhLvjHR4H8&feature=related 

KUCHCH   PURANI  YADEN   (SOME OLD MEMORIES) 

LATE SHRI BHOO DEV LAKHERA WITH MR.Y.LAL (18-10-1993) 

MR.Y.LAL AND FAMILY WITH MR. RAMESH UNIYAL AND FAMILY  

MR.S.B.AGGARWAL D.G.M (FIN) -18-10-1993  MOB-9415513683

PHOTO -18-10-1993 
FAREWEL OF SRI D.K.GUPTA AGM (UR)  18-10-1993 
FAREWEL TO MR. D.K.GUPTA  1995

  MR DIWAKAR BHATT WITH THDC OFFICERS IN B-PURAM PROGRAMME 

 
टिहरी बॉध व टिहरी शहर के कुछ चिर-स्मरणीय व्यक्तित्व

नाम गुम जायेगा, चेहरा ये बदल जायेगा
फिर तस्वीर ही पहचान है गर याद रहें

मुद्दतें गुजरीं तेरी याद भी आई न हमें
और हम भूल गए हों, तुझे ऐसा भी नहीं

 

MR.D.K.GUPTA(VISHWAKARMA OF N.T.T)-09760025519

LATE SRI M.P.GAIROLA (FIRST CHAIR MAN OF TEHRI TOWN

  

MR.D.R.SINGH (FIRST CHIEF ENGINEER OF TEHRI DAM(IDUP))

MOB-0135,2658307

MR.GOVIND PRASAD GAIROLA (FORMER M.L.A TEHRI)

 

MR.KISHOR UPADHYAYA M.L.A (TEHRI - AT PRESENT)-9412075478

DR.P.C.NAWANI (GEOLOGIST)

AT PRESENT DIRECTOR IN BANGLORE-09449681821

MR.SHOORVIR SINGH SAJWAN EX M.L.A ( TEHRI-DEOPRAYAG-RISHIKESH)

MR.Y.LAL G.M.TEHRI (1993) 

  http://www.indiatogether.org/photo/2002/bahuguna.htm

(LATE)RAJMATA KAMALENDU MATI SHAH

Unforgetable Sunder Lal Bahuguna with Bimla Bahan(His Wife)

 

 Mr Y.P.Singh Ist G.M in THDC Ltd Tehri (Retired). He was the Mukhya Sutra Dhar of Tehri Dam. During 1989,1999 he was also known as the Bhism Pitamaha of Tehri Dam. Yes! Meet him.His Mob NO. is 9412274560 ( 0571,3090237)    

Mr.S.C.Sharma Former Director(Tech.) of THDC Ltd.Under Your Supervision all four Turbines Of Tehri Dam were Commissioned. Yes! Meet him-09871588555

    

Late Virendra Dutt Saklani-Advocate and former Nagar Palika Adhyaksh of  Tehri Town- Opposed Tehri Dam around his life but due to opposition all kinds of aspects were rightly seen by the Govt. and Tehri Dam became famous in the world.

Sri Lokendra Dutt Saklani - Former MLA of Tehri (At present living in New Tehri Town with his children) 
   
 Mr.Bhagawat Singh Bishta-Former Nagar Palika Adhyaksh of Tehri Town.At present - He is Gen.Secretary of Pradesh Congress Committee. 

 Smt.Ambika Sajwan Former Adhyaksh Zila Panchayat Tehri Garh.

            Mob-9412076555

   
 

 Mr.Mohan Lal Negi Former D.G.C. Tehri Garhwal, Author of the First

Garhwali Novel (Zoani Per Chchapu Kilai)-9411576181